द्राैपदी ! ख़ुद हीं अब गांडीव उठाओ

हे द्राैपदी !
ख़ुद हीं अब गांडीव उठाओ
गोविंद अब ना आएंगे…
छोड़ो मेहंदी खड्ग संभालो
दुःशासन से चीर बचा लो
गोविंद अब ना आएंगे…

#HyderabadHorror

बेकार में भक्ति क्यों?

कश्मीर में मात्र पचीस हजार अतिरिक्त फोर्स भेजी गई है । यह बहुत कम है । पाकिस्तानी प्रधानमंत्री और सिद्धू के परम प्रिय मित्र ने जब खुले आम स्वीकार कर लिया है कि आतंकिस्तान में चालीस हजार प्रशिक्षित आत्मघाती आतंकवादी भारत की सीमा में सेंध लगाने की ताक में छुट्टा घूम रहे हैं ( जबकि मेरा मानना है कि इमरान खान ने निश्चित रूप से यह संख्या कम बताई होगी ) तो यह मान लेना चाहिए की लगभग चार लाख पाक आतंकी भारतीय सीमा में घुसपैठ की ताक में हैं । दूसरी ओर अफगानिस्तान, सीरिया, फिलिस्तीन इत्यादि जगहों से लतिया कर भगाए गए ISI, अलकायदा, तालिबान और पाकिस्तान की विभिन्न जमातें, दाउद इब्राहिम ग्रूप, कश्मीर के सेपरेटिस्ट, कश्मीरी पत्थरबाज, भारत की हार पर खुशी मनाने वाले नवयुवक, कई राजनीतिक दलों में विदेशी मूल के और वर्णशंकर नेता और उनके समर्थक, चीन और खाड़ी देशों के चंदे पर मौज उड़ाने वाले बौद्धिक आतंकी, अर्बन नक्सली, JNU और AMU जैसे विश्वविद्यालयों के अपनी थाली में खाकर उसी में छेद करने वाले कुछ जाने-माने गद्दार, खुद को छद्मधर्मनिरपेक्ष बताकर बुद्धिजीवी कहलाने का शौक रखने वाले बकलोलों को मिलाकर भारत के अतिसक्रिय दुश्मनों की कुल संख्या लगभग एक करोड़ हो जाती है । इस हिसाब से अभी कश्मीर में कम-से-कम चार से पाँच लाख और सुरक्षाबलों की जरूरत है । देश के विभिन्न भागों में अवस्थित छावनियों में इंतजार कर रहे पारामिलिट्री और सेना के जवानों को अपना जौहर दिखाने का मौका मिलना ही चाहिए । अगर सुरक्षाबलों की कमी महसूस हो तो सभी राज्यों के दस प्रतिशत सुरक्षाबलों की प्रतिनियुक्ति कश्मीर में हो । सेना और अर्धसैनिक बलों की बहाली में तेजी लानी चाहिए । अगर पैसे की कमी महसूस हो रही हो तो मनरेगा और मध्याह्न भोजन योजना जैसी योजनाओं को बंद कर और दो प्रतिशत अतिरिक्त सुरक्षा कर लगाकर सैनिक साजो-सामान की उपलब्धता सुनिश्चित की जानी चाहिए । जब कश्मीर में प्रयाप्त मात्रा में सुरक्षा बल और साजोसामान उपलब्ध हो जांय तो एक बार तो बंदूक वाले, पत्थर वाले और विचार वाले आतंकियों की जमकर रगड़ाई होनी ही चाहिए ।

अगर कुछ नहीं हुआ तो भक्त की उपाधि धारण करना बेकार ही है ।

#OperationAllOut

Written By Chandan Kumar

Teacher @ Lakhisarai